दक्षिण रेलवे बना आरपीएफ डॉग ड्यूटी प्रतियोगिता का ओवरऑल विजेता, दक्षिण पूर्व रेलवे उपविजेता 17 रेल जोनों के 73 प्रशिक्षित डॉग्स ने लिया हिस्सा, दक्षिण रेलवे के ‘जोरो’ को मिला सर्वश्रेष्ठ डॉग का खिताब
झांसी। 19वीं अखिल भारतीय आरपीएफ डॉग ड्यूटी प्रतियोगिता-2026 का समापन समारोह मंगलवार को आयोजित किया गया। प्रतियोगिता में दक्षिण रेलवे की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ओवरऑल विजेता का खिताब अपने नाम किया, जबकि दक्षिण पूर्व रेलवे की टीम उपविजेता रही। समापन समारोह के मुख्य अतिथि उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह रहे। प्रतियोगिता में 17 रेल जोनों से आए 73 प्रशिक्षित डॉग्स, उनके हैंडलर्स तथा रेलवे सुरक्षा बल के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
समारोह का शुभारंभ अतिथियों के आगमन के साथ हुआ। वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त जितेंद्र कुमार शर्मा ने मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों का स्वागत किया। इसके बाद परेड कमांडर सुरेंद्र सिंह चौधरी ने परेड प्रारंभ करने की अनुमति प्राप्त की। विभिन्न रेल जोनों से आई टीमों ने अनुशासित परेड प्रस्तुत करते हुए मंच को सलामी दी।
प्रधान मुख्य सुरक्षा आयुक्त, उत्तर मध्य रेलवे प्रदीप कुमार गुप्ता ने स्वागत उद्बोधन में रेलवे सुरक्षा व्यवस्था में प्रशिक्षित डॉग्स और उनके हैंडलर्स की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि डॉग्स और हैंडलर्स के बीच बेहतर तालमेल, नियमित प्रशिक्षण तथा अनुशासन सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए आवश्यक हैं। इस तरह की प्रतियोगिताओं से विभिन्न रेल जोनों की टीमें अपनी कार्यक्षमता का प्रदर्शन करने के साथ अनुभव साझा करती हैं और सुरक्षा संबंधी चुनौतियों से निपटने के लिए अपनी दक्षता में सुधार करती हैं। उन्होंने बताया कि यहां से चयनित सर्वश्रेष्ठ टीम अखिल भारतीय डॉग मीट में रेल सुरक्षा बल का प्रतिनिधित्व करेगी।
मुख्य अतिथि नरेश पाल सिंह ने रेलवे सुरक्षा बल की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि रेल यात्रियों की सुरक्षा, रेलवे परिसरों की निगरानी और संभावित सुरक्षा खतरों की पहचान में आरपीएफ डॉग स्क्वॉड का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। ट्रैकिंग, विस्फोटक पदार्थों की पहचान तथा मादक पदार्थों का पता लगाने जैसे संवेदनशील कार्यों में प्रशिक्षित डॉग्स अपनी विशेष क्षमताओं से सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाते हैं। उन्होंने डॉग हैंडलर्स के समर्पण, निरंतर प्रशिक्षण और अपने डॉग्स के साथ बेहतर समन्वय की प्रशंसा करते हुए सभी प्रतिभागियों को कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए प्रेरित किया।
प्रतियोगिता के परिणामों में दक्षिण रेलवे ने ओवरऑल विजेता और दक्षिण पूर्व रेलवे ने उपविजेता का स्थान हासिल किया। ट्रैकर डॉग प्रतियोगिता में दक्षिण रेलवे के बेल्जियन शेफर्ड ‘जोरो’ ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इसके हैंडलर हेड कांस्टेबल बी. सुरेश कुमार रहे। दक्षिण पूर्व रेलवे के बेल्जियन मैलिनॉइस ‘सिम्बा’ ने दूसरा और उत्तर रेलवे के जर्मन शेफर्ड ‘फ्रेंडो’ ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। दक्षिण रेलवे के ‘जोरो’ को प्रतियोगिता का सर्वश्रेष्ठ डॉग घोषित किया गया।
विस्फोटक पदार्थों की पहचान प्रतियोगिता में दक्षिण रेलवे के बेल्जियन शेफर्ड ‘जैक’ ने प्रथम स्थान हासिल किया। इसके हैंडलर हेड कांस्टेबल रॉबिन रहे। दक्षिण मध्य रेलवे के लैब्राडोर ‘रेमो’ ने दूसरा और पश्चिम मध्य रेलवे के लैब्राडोर ‘जैकी’ ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
मादक पदार्थों की पहचान प्रतियोगिता में दक्षिण मध्य रेलवे के बेल्जियन मैलिनॉइस ‘वीरा’ ने प्रथम स्थान हासिल किया। इसके हैंडलर कांस्टेबल एन. रामुडु नाइक रहे। दक्षिण रेलवे के बेल्जियन शेफर्ड ‘पाब्लो’ ने दूसरा और पश्चिम रेलवे के लैब्राडोर ‘इंच’ ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। वहीं, समारोह के दौरान आयोजित डॉग शो में ‘रेमो’ को बेस्ट डॉग का पुरस्कार प्रदान किया गया।
प्रतियोगिता के समापन पर निशान टोली ने ध्वज उतारकर मुख्य अतिथि को सौंपा। इसके बाद महाप्रबंधक ने निर्णायक मंडल के सदस्यों को सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में रेलवे सुरक्षा बल के सेवानिवृत्त सहायक उपनिरीक्षक ओ. पी. शर्मा, सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक पूरन सिंह, सेवानिवृत्त सहायक उपनिरीक्षक राज कुमार, उत्तर प्रदेश पुलिस के बीडीडीएस दल के सदस्य अजब सिंह और सीमा सुरक्षा बल के सत्यप्रकाश शुक्ला शामिल रहे। महाप्रबंधक ने निष्पक्ष मूल्यांकन और प्रतियोगिता को सफल बनाने में निर्णायकों के योगदान की सराहना की।
समारोह का प्रमुख आकर्षण डॉग शो रहा, जिसमें प्रशिक्षित डॉग्स ने अपने हैंडलर्स के निर्देशों पर विभिन्न गतिविधियों का प्रदर्शन किया। उनकी तत्परता, अनुशासन, प्रशिक्षण क्षमता और हैंडलर्स के साथ बेहतर तालमेल ने उपस्थित अतिथियों एवं दर्शकों का ध्यान आकर्षित किया।
समापन समारोह में मंडल रेल प्रबंधक अनिरुद्ध, अपर मंडल रेल प्रबंधक इंफ्रा प्रेम प्रकाश शर्मा, अपर मंडल रेल प्रबंधक परिचालन नंदीश शुक्ल, महाप्रबंधक के सचिव अखिल शुक्ल, पुलिस अधीक्षक जीआरपी विपुल श्रीवास्तव, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर समन्वय आशुतोष चौरसिया, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अमन वर्मा, वरिष्ठ मंडल सिग्नल एवं दूरसंचार इंजीनियर रश्मि गौतम तथा वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी गिरीश कंचन सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
प्रतियोगिता ने विभिन्न रेल जोनों के डॉग स्क्वॉड को अपनी दक्षता प्रदर्शित करने और सुरक्षा संबंधी अनुभव साझा करने का अवसर प्रदान किया। प्रशिक्षित डॉग्स रेलवे परिसरों की निगरानी, संदिग्ध गतिविधियों की पहचान तथा यात्रियों की सुरक्षित रेल यात्रा सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।