बयान बदलने का दबाव और मानदेय रोकने का आरोप, डीएम से शिकायत
फतेहपुर। बहुआ विकासखंड के कठवारा द्वितीय आंगनबाड़ी केंद्र की कार्यकर्ता ऊषा देवी ने बाल विकास परियोजना अधिकारी श्रीकृष्ण चंद्र पर उत्पीड़न और पूर्व में दिए गए बयान वापस लेने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। ऊषा देवी के अनुसार, वर्ष 2021 में तत्कालीन मुख्य सेविका शारदा वर्मा के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत साक्ष्य सहित अधिकारियों से की थी। जांच के बाद उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हुई और 20 जनवरी 2026 को उन्हें निलंबित कर दिया गया था। आरोप है कि हाईकोर्ट से स्थगन आदेश मिलने के बाद दोबारा बहुआ परियोजना में योगदान की प्रक्रिया शुरू होने पर सीडीपीओ ने उन पर बयान बदलने का दबाव बनाया। ऐसा नहीं करने पर मानदेय रोकने और सेवा से पृथक कराने की धमकी दी गई। उन्होंने बिना स्थलीय निरीक्षण के गलत रिपोर्ट तैयार कर कारण बताओ नोटिस जारी करने का भी आरोप लगाया। ऊषा देवी ने डीएम से मानदेय संबंधी कार्रवाई की जांच कराने और भयमुक्त माहौल में काम करने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।