चिकित्सा प्रतिपूर्ति बिलों को लेकर पेंशनरों का कलेक्ट्रेट पर धरना, ऑफलाइन व्यवस्था बहाल करने की मांग
मुजफ्फरनगर। चिकित्सा प्रतिपूर्ति बिलों की ऑफलाइन जमा व्यवस्था बंद होने से नाराज सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन ने सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। पेंशनरों ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर ऑफलाइन व्यवस्था बहाल करने की मांग की।
एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने बताया कि 28 सितंबर 2026 को पेंशनर सलाहकार समिति की बैठक में आश्वासन दिया गया था कि ऑफलाइन बिल स्वीकार करने की व्यवस्था बंद नहीं होगी। आरोप है कि इसके बावजूद चिकित्सा विभाग ने 1 अक्टूबर से ऑफलाइन बिल लेना बंद कर दिया है। संगठन का कहना है कि अधिकांश पेंशनर बुजुर्ग हैं और ऑनलाइन प्रक्रिया में असहज हैं। ऑफलाइन सुविधा बंद होने से उनके चिकित्सा दावे प्रभावित हो रहे हैं। कई बिल समय सीमा खत्म होने से कालातीत होने की कगार पर हैं, जिससे पेंशनरों को आर्थिक परेशानी झेलनी पड़ रही है। ज्ञापन में मांग की गई कि बिल जमा करने के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों विकल्प उपलब्ध कराए जाएं, लंबित बिलों का शीघ्र भुगतान हो और समस्या के स्थायी समाधान के लिए अधिकारियों से वार्ता कराई जाए। एसोसिएशन के अध्यक्ष राजपाल शर्मा और मंत्री प्रेमपाल शर्मा ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो प्रांतीय स्तर पर हजारों पेंशनरों के साथ विधानसभा के सामने प्रदर्शन किया जाएगा।